जशपुरनगर, 02 फरवरी 2026/
प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना के अंतर्गत जशपुर जिले के नगरपालिका एवं नगर पंचायत क्षेत्रों में विशेष पंजीयन शिविरों का आयोजन लगातार किया जा रहा है। इन शिविरों के माध्यम से असंगठित क्षेत्र में कार्यरत पात्र श्रमिकों का पंजीयन 15 फरवरी 2026 तक किया जाएगा।
योजना का उद्देश्य असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करते हुए उनके वृद्धावस्था जीवन को सुरक्षित बनाना है। इसके तहत फुटकर विक्रेता, रिक्शा चालक, निर्माण श्रमिक, घरेलू कामगार, कचरा बीनने वाले, कृषि श्रमिक, बीड़ी श्रमिक, मोची, धोबी, चमड़ा एवं हस्तकरघा श्रमिक, अंतर्राज्यीय श्रमिक सहित अन्य असंगठित व्यवसायों से जुड़े श्रमिकों को लाभान्वित किया जा रहा है।
इस योजना में शामिल श्रमिकों को 60 वर्ष की आयु पूर्ण करने के पश्चात् प्रतिमाह 3,000 रुपये की सुनिश्चित पेंशन प्रदान की जाती है। कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार कर अधिक से अधिक पात्र श्रमिकों का पंजीयन सुनिश्चित किया जाए, ताकि कोई भी योग्य हितग्राही योजना से वंचित न रह जाए।
क्या है प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना
भारत सरकार के श्रम एवं रोजगार मंत्रालय द्वारा प्रारंभ की गई प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना के तहत 18 से 40 वर्ष आयु वर्ग के वे असंगठित श्रमिक, जिनकी मासिक आय 15 हजार रुपये से कम है, इस योजना में शामिल हो सकते हैं।
योजना के अंतर्गत आयु के अनुसार प्रतिमाह 55 रुपये से 200 रुपये तक अंशदान देना होता है, जबकि उतनी ही राशि केंद्र सरकार द्वारा योगदान स्वरूप जमा की जाती है। 60 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर श्रमिक को न्यूनतम 3,000 रुपये मासिक पेंशन का लाभ मिलता है।
यदि किसी श्रमिक की 60 वर्ष की आयु से पूर्व मृत्यु हो जाती है, तो उसके नामित व्यक्ति को योजना जारी रखने का विकल्प दिया जाता है। वहीं, पेंशन प्रारंभ होने के बाद हितग्राही की मृत्यु की स्थिति में नामित को 50 प्रतिशत पेंशन प्रदान की जाती है। आवश्यकता पड़ने पर अंशदाता 60 वर्ष से पहले योजना से बाहर भी हो सकता है, ऐसी स्थिति में उसके खाते में जमा राशि ब्याज सहित एकमुश्त लौटा दी जाती है।
























