जशपुरनगर, 20 फरवरी 2026।नआर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए संचालित चिरायु योजना एक बार फिर जीवनदायिनी साबित हुई है। मनोरा विकासखंड के ग्राम ओरडीह की 11 वर्षीय अमीषा केरकेट्टा, जो जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित थी, अब पूरी तरह स्वस्थ होकर सामान्य जीवन जी रही है।
अक्सर बीमार रहने पर परिजनों ने उसे जिला चिकित्सालय जशपुर में दिखाया, जहां चिरायु टीम द्वारा जांच के दौरान हृदय संबंधी गंभीर समस्या का पता चला। सीमित आय वाले किसान पिता अशोक केरकेट्टा के लिए महंगे इलाज की चिंता बड़ी चुनौती थी। ऐसे समय में चिकित्सकों ने उन्हें चिरायु योजना की जानकारी दी, जिसने परिवार को राहत की उम्मीद दी।
योजना के अंतर्गत अमीषा को शासकीय व्यय पर श्री सत्य साईं संजीवनी अस्पताल भेजा गया। विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने वहां उसका सफल हृदय ऑपरेशन किया। उपचार के बाद अमीषा शीघ्र ही स्वस्थ हो गई और अब पहले से अधिक ऊर्जा और उत्साह के साथ जीवन जी रही है।
परिजनों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय एवं चिकित्सा दल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना गरीब परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। शासन द्वारा बच्चों को बेहतर संस्थानों में निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराना सराहनीय पहल है।
उल्लेखनीय है कि चिरायु योजना के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों और स्कूलों में बच्चों की व्यापक स्वास्थ्य जांच की जाती है। 44 प्रकार की बीमारियों और जन्मजात विकृतियों की पहचान कर आवश्यकतानुसार विशेषज्ञ उपचार की व्यवस्था की जाती है। जरूरत पड़ने पर बच्चों को देश के उत्कृष्ट अस्पतालों में भी भेजा जाता है।




















