जशपुर, 03 फरवरी 2026 / कोतबा चौकी अंतर्गत थाना बागबहार क्षेत्र के ग्राम खजरीढाप में घटित डबल मर्डर के गंभीर मामले में न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। नए आपराधिक कानून के तहत सुनाए गए इस निर्णय में आरोपी खीरसागर यादव (28 वर्ष) को दोषी ठहराते हुए अर्थदंड से भी दंडित किया गया है।
यह घटना 18 नवंबर 2024 की है, जब आरोपी ने शराब के नशे में घरेलू विवाद के दौरान अपनी पत्नी रोशनी बाई (26 वर्ष) तथा बीच-बचाव करने आई सास जगरमनी बाई की लकड़ी के डंडे से बेरहमी से हत्या कर दी थी। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी।
प्रकरण के अनुसार, मृतका के ससुर चक्रधर यादव द्वारा चौकी कोतबा में दर्ज कराई गई रिपोर्ट में बताया गया कि उसका पुत्र खीरसागर यादव शराब पीने का आदी था और अक्सर पत्नी के साथ विवाद करता रहता था। घटना वाले दिन भी आरोपी शराब के नशे में था और विवाद बढ़ने पर उसने पहले पत्नी पर हमला किया, फिर बीच-बचाव करने आई सास पर लगातार वार किए, जिससे दोनों की मौके पर ही मृत्यु हो गई।
घटना के बाद आरोपी फरार हो गया था, लेकिन जशपुर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर दिनांक 19.11.2024 को उसे गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया था। प्रकरण में चौकी कोतबा, थाना बागबहार में अपराध क्रमांक 141/24 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) (दो बार) एवं अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम 1989 की धारा 3(2)(5) के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध किया गया था।
मामले की सुनवाई उपरांत दिनांक 02 फरवरी 2026 को न्यायालय ने अभियोजन पक्ष के साक्ष्यों को पर्याप्त मानते हुए आरोपी को आजीवन कारावास तथा ₹500-₹500 के अर्थदंड से दंडित किया है। न्यायालय के इस निर्णय को जघन्य अपराधों के प्रति सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है ।
जशपुर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नाबालिगों व महिलाओं के विरुद्ध गंभीर अपराधों में किसी भी स्तर पर लापरवाही या नरमी नहीं बरती जाएगी और ऐसे मामलों में त्वरित जांच कर दोषियों को कठोर दंड दिलाने के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य किया जाएगा।
























