जशपुरनगर, 23 मार्च 2026। आगामी ग्रीष्मकाल को ध्यान में रखते हुए खाद्य एवं औषधि प्रशासन छत्तीसगढ़ के निर्देश एवं कलेक्टर श्री रोहित व्यास के मार्गदर्शन में जिला खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा खाद्य प्रतिष्ठानों पर सतत कार्रवाई की जा रही है। विभाग द्वारा पानी पाउच, मिनरल वाटर, आइसक्रीम, आइस कैंडी आदि की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में 20 मार्च 2026 को पत्थलगांव विकासखंड स्थित माँ आईस फैक्ट्री में औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान बड़ी मात्रा में आइस कैंडी का निर्माण पाया गया, जो मुख्य रूप से बच्चों द्वारा सेवन किया जाता है। जांच में यह पाया गया कि निर्माण प्रक्रिया खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 एवं विनियम 2011 के अनुरूप नहीं थी।
गुणवत्ता पर संदेह होने के कारण आइस कैंडी के नमूने (मैंगो फ्लेवर, ग्रीन एवं ऑरेंज) जांच हेतु राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला रायपुर भेजे गए हैं। इसके अलावा, मानकों के उल्लंघन के चलते लगभग 2000 किलोग्राम (147 बोरा) आइस कैंडी, जिसकी अनुमानित कीमत 15 हजार रुपये है, जब्त कर निर्माता श्री हैप्पी गर्ग की अभिरक्षा में रखा गया है। साथ ही उन्हें तत्काल प्रभाव से उत्पादन बंद करने के निर्देश दिए गए हैं।
वहीं, 21 मार्च 2026 को जशपुर नगर स्थित रिलायंस स्मार्ट पॉइंट में भी औचक निरीक्षण किया गया। यहां से खजूर, सेवई, मिक्स फ्रूट जूस और टोमेटो सॉस के नमूने लेकर जांच के लिए रायपुर भेजे गए हैं। रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद संबंधित फर्म पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में सुरक्षित एवं मानक खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए इस प्रकार की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।




















