जशपुरनगर, 07 जुलाई 2026। जशपुर कलेक्टर रोहित व्यास ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिले के सभी पांच नगरीय निकायों—जशपुर, कुनकुरी, पत्थलगांव, बगीचा एवं कोतबा के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेकर प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना तथा विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने सभी योजनाओं और निर्माण कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण करने के निर्देश दिए।
बैठक में प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत लक्ष्य के अनुरूप ऋण वितरण की स्थिति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी नगरीय निकायों को विशेष शिविर आयोजित कर अधिक से अधिक पात्र स्ट्रीट वेंडरों को योजना से जोड़ने तथा लंबित आवेदनों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि पात्र हितग्राहियों को समय पर ऋण उपलब्ध कराया जा सके।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 1.0 एवं 2.0 की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने स्वीकृत, पूर्ण, प्रगतिरत, अपूर्ण एवं अप्रारंभ आवासों की निकायवार जानकारी ली। उन्होंने आवास निर्माण कार्यों में तेजी लाने और हितग्राहियों को जागरूक कर निर्माण कार्य शीघ्र पूर्ण कराने पर जोर दिया। समीक्षा के दौरान बगीचा एवं कोतबा नगरीय निकायों में योजना की धीमी प्रगति पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग और हितग्राहियों से सतत संपर्क बनाए रखने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने नींव स्तर, लिंटल स्तर एवं छत स्तर तक पहुंच चुके निर्माण कार्यों की अलग-अलग समीक्षा करते हुए प्रत्येक चरण में प्रगति सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी स्वीकृत आवास निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण होना चाहिए।
बैठक में नगरीय निकायों में संचालित विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। सौंदर्यीकरण, स्ट्रीट लाइट, सड़क निर्माण, ऑडिटोरियम, नाली निर्माण, सामुदायिक भवन एवं पेयजल परियोजनाओं सहित विभिन्न कार्यों की प्रगति की जानकारी लेते हुए कलेक्टर ने गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि नगरीय क्षेत्रों में नागरिकों को बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना शासन की प्राथमिकता है। इसलिए सभी निर्माण कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही और अनावश्यक विलंब न होने पाए। साथ ही सभी सीएमओ को जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए सक्रिय प्रयास करने के निर्देश दिए।