जशपुर, 09 मार्च 2026। जिले के सन्ना थाना क्षेत्र के ग्राम गट्टी महुवा में जादू-टोना के शक में एक महिला की निर्मम हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतका के पति सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मृतका की पहचान गोईदी बाई (48 वर्ष), पति ठूपन राम, निवासी गट्टी महुवा, थाना सन्ना, जिला जशपुर के रूप में हुई है। घटना की जानकारी मृतका के भाई सहलू राम (30 वर्ष) ने 06 मार्च 2026 को थाना सन्ना में दी थी। उसने बताया कि उसकी बड़ी बहन अपने घर में मृत अवस्था में पड़ी हुई है।
सूचना मिलने पर पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की। घटनास्थल का निरीक्षण करने पर मृतका के शरीर और आसपास खून के निशान पाए गए तथा गुप्तांग में गंभीर चोट के चिन्ह मिले। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। डॉक्टर की प्रारंभिक रिपोर्ट में मृत्यु का कारण गुप्तांग में कठोर व भोंथरी वस्तु से गंभीर चोट पहुंचना बताया गया, जिसे हत्या (हॉमिसाइडल) माना गया।
जांच के दौरान गवाहों के बयान और पूछताछ में पूरी घटना का खुलासा हुआ। पुलिस के अनुसार 05 मार्च 2026 को मृतका गोईदी बाई और उसकी सौतन फुला बाई के बीच घर में किसी बात को लेकर विवाद और मारपीट हुई थी। इसके बाद आरोपी ठूपन राम और फुला बाई खेत की ओर चले गए, जहां पहले से सुनील राम और उसकी पत्नी सुरन्ती बाई मौजूद थे।
कुछ देर बाद गोईदी बाई भी बर्तन धोने के लिए उसी दिशा में जा रही थी। रास्ते में उसे झोपड़ी में बुला लिया गया, जहां चारों आरोपियों ने उसके साथ बैठकर हड़िया पी। इसी दौरान आरोपी सुनील राम ने आरोप लगाया कि उसके घर में संतान न होना और उसके पिता को कैंसर होना, मृतका द्वारा किए गए जादू-टोना का परिणाम है।
इसी शक में आरोपियों ने गोईदी बाई पर हमला कर दिया। सुनील राम ने उसके बाल पकड़कर जमीन पर पटक दिया, जबकि ठूपन राम और फुला बाई ने उसके हाथ-पैर पकड़ लिए। इसके बाद सुनील राम और उसकी पत्नी सुरन्ती बाई ने लकड़ी के डंडे से गंभीर हमला किया, जिससे महिला की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद आरोपियों ने शव को घर लाकर बिस्तर पर रख दिया और ऊपर कंबल डालकर मामले को छिपाने की कोशिश की।
पुलिस ने जांच के दौरान हत्या में प्रयुक्त लकड़ी का डंडा भी जब्त कर लिया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने चारों आरोपियों ठूपन राम (45), फुला बाई (48), सुनील राम (23) और सुरन्ती बाई (22) को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के विरुद्ध थाना सन्ना में बीएनएस की धारा 103(1) और 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है।
मामले की जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी सन्ना उप निरीक्षक संतोष सिंह, सहायक उप निरीक्षक सिरद साय, महिला प्रधान आरक्षक पुन्नी यादव और आरक्षक प्रवीण सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही।




















