रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व एवं उप मुख्यमंत्री तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत संचालित ‘मोर गांव-मोर पानी’ महाअभियान प्रदेशभर में जल संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप दे रहा है। अभियान के माध्यम से रोजगार सृजन के साथ-साथ जल संरक्षण, भू-जल संवर्धन, प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन तथा हरित विकास के कार्यों को व्यापक गति मिल रही है।
इसी क्रम में बालोद जिले में जिला प्रशासन ने ग्राम पंचायतों, शासकीय कार्यालयों, शैक्षणिक संस्थानों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों, स्व-सहायता समूहों तथा सामाजिक संगठनों की सक्रिय सहभागिता से जल संरक्षण के विविध कार्यों को व्यापक स्तर पर अमलीजामा पहनाया है। अभियान का उद्देश्य “जहां वर्षा हो, जब वर्षा हो, वहीं वर्षा जल का संचयन हो” की अवधारणा को व्यवहार में उतारना है।
अभियान के तहत प्रत्येक शासकीय भवन में रूफटॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग, रिचार्ज शाफ्ट, डबरी, तालाब और ट्रेंच का निर्माण कराया गया है। साथ ही हैंडपंपों तथा प्रधानमंत्री आवासों में सोख्ता गड्ढों और वर्षा जल संचयन प्रणालियों की स्थापना को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।
भू-जल संवर्धन के लिए रिचार्ज पिट, इंजेक्शन वेल, निष्क्रिय बोरवेलों का रिचार्ज, तालाबों का जीर्णोद्धार एवं गहरीकरण, चेकडैम तथा वाटर एब्जॉर्बिंग ट्रेंच जैसी विभिन्न जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण एवं पुनर्जीवन किया गया है।
वीबी-जी राम जी योजना (मनरेगा), वन विभाग, जिला खनिज न्यास (डीएमएफ), विभिन्न प्रोत्साहन योजनाओं तथा जनभागीदारी के माध्यम से जिले में अब तक 2.85 लाख जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण किया जा चुका है। इनसे 19.23 लाख घनमीटर अतिरिक्त जल संचयन क्षमता विकसित हुई है। इससे भू-जल स्तर में सुधार, भूमि की नमी का संरक्षण, खरीफ और रबी दोनों फसलों के लिए सिंचाई सुविधाओं का विस्तार तथा किसानों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी।
अभियान की सफलता में जनभागीदारी सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरी है। जनप्रतिनिधियों, महिला स्व-सहायता समूहों, ग्राम विकास समितियों, महिला कमांडो, ग्रीन आर्मी तथा स्कूल एवं कॉलेज के विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी से तालाबों एवं जलाशयों की सफाई, घर-घर जल संरक्षण संरचनाओं के निर्माण के प्रति जनजागरूकता, वृक्षारोपण और सीड बॉल अभियान चलाया जा रहा है। जुलाई माह में अब तक 3 लाख से अधिक सीड बॉल का रोपण किया जा चुका है, जबकि 2 लाख पौधारोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
राज्य सरकार वीबी-जी राम जी योजना के माध्यम से प्रदेश के सभी जिलों में जल संरक्षण, प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन, हरित विकास एवं ग्रामीण आजीविका संवर्धन के कार्यों को प्राथमिकता के साथ संचालित कर रही है। “जल संरक्षण–जन सहभागिता से जल समृद्धि की ओर” की भावना के साथ बालोद जिला प्रशासन जल-सुरक्षित, हरित एवं समृद्ध ग्रामीण विकास के लक्ष्य की दिशा में लगातार कार्य कर रहा है