जशपुरनगर, 18 मई 2026। कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने सोमवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक में एग्रीस्टेक पोर्टल, लंबित राजस्व प्रकरणों एवं सुशासन तिहार के आवेदनों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने एग्रीस्टेक पोर्टल में किसान पंजीयन के बाद लंबित अप्रूवल एवं वेरिफिकेशन कार्यों को एक सप्ताह के भीतर पूर्ण करने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी राजस्व अधिकारी गंभीरता और जवाबदेही के साथ कार्य करें।
कलेक्टर श्री व्यास ने स्पष्ट कहा कि रिकॉर्ड अपडेशन से संबंधित शिकायतें नहीं आनी चाहिए तथा सभी अभिलेखों की ऑनलाइन एंट्री सुनिश्चित की जाए। उन्होंने लंबे समय से लंबित राजस्व प्रकरणों में तेजी लाते हुए शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने पंचायत स्तर पर फौती, नामांतरण एवं बंटवारा जैसे प्रकरणों का निराकरण सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों में प्रति सप्ताह आयोजित ग्रामीण सचिवालय के माध्यम से स्थानीय स्तर पर ही समस्याओं का समाधान किया जाए, ताकि ग्रामीणों को तहसील कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
कलेक्टर ने सुशासन तिहार अंतर्गत प्राप्त आवेदनों की समीक्षा करते हुए राजस्व विभाग से संबंधित मामलों के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए, जिससे आम नागरिकों को समय पर लाभ मिल सके। बैठक में अपर कलेक्टर श्री प्रदीप साहू, सभी एसडीएम तथा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले के तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं अन्य राजस्व अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रकरणों के निराकरण में तेजी लाने के निर्देश
समीक्षा बैठक में कलेक्टर श्री व्यास ने नामांतरण, डायवर्सन, भू-अर्जन, त्रुटि सुधार, सीमांकन, स्वामित्व योजना एवं आरबीसी 6-4 सहित विभिन्न लंबित प्रकरणों के निराकरण में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए तथा सभी कार्य पारदर्शिता के साथ पूर्ण किए जाएं।
उन्होंने स्वामित्व योजना, मसाहती गांव सर्वेक्षण, किसान किताब में आधार प्रविष्टि, डिजिटल हस्ताक्षर से अभिलेख सत्यापन, भू-नक्शा अद्यतन, भू-बंटन रिकॉर्ड दुरुस्ती एवं त्रुटि सुधार कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी कार्य तय समय-सीमा में पूर्ण करने को कहा। कलेक्टर ने राजस्व विभाग के मैदानी अमले को सक्रियता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने के निर्देश देते हुए एसडीएम, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार न्यायालयों में लंबित प्रकरणों को विशेष अभियान चलाकर शीघ्र निराकृत करने के निर्देश दिए।